फतेहपुर, जनवरी 23 -- फतेहपुर। घटनास्थल से ही पुलिस हिरासत में अंकित मिश्रा एक ही बयान पर कायम है। शुक्रवार को भी वह मीडिया के सामने एक ही रट लगाए था, ब्रोकर अंकित का कहना था कि अधिवक्ता को 'मैंने मारा और अकेले मारा'। धक्का दिया और गिरा कर गला रेत दिया। अंकित का हाव भाव देखकर ऐसा लगा ही नहीं कि उसे अपने किये पर कोई पछतावा है। अंकित के कबूलनामे पर पुलिस समेत हर कोई हैरान है। ऐसा लग रहा है कि उसका कबूलनामा भी इस सनसनीखेज हत्याकांड की योजना का हिस्सा है। मानों वह रटी रटाई स्क्रिप्ट बोल रहा हो। असोथर थाना के सातों जोगा निवासी सुभाष मिश्रा का 30 वर्षीय पुत्र अंकित मिश्रा परिवार के साथ किराये के मकान में कई सालों से शहर के तांबेश्वर मंदिर चौराहे के पास रहता था। पढ़ने में अच्छा था। साल 2019 में डीएलएड किया था। सरकारी नौकरी में जाना चाह रहा था। यू...