मेरठ, अप्रैल 20 -- हिंदू धर्म के पवित्र त्योहारों में से एक अक्षय तृतीया रविवार को जिलेभर में हर्षोल्लास से मनाई गई। इस अवसर पर मेरठ में वैवाहिक कार्यक्रमों की बाढ़ सी आ गई। शुभ मुहूर्त होने के चलते जिले में 600 से अधिक शादियां संपन्न हुईं। ​अक्षय तृतीया का दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की विशेष कृपा पाने का माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन को भगवान परशुराम के जन्मोत्सव और मां गंगा के अवतरण दिवस के रूप में भी मनाया जाता है। पंडित प्रदीप सेमवाल ने बताया कि अक्षय तृतीया को 'अबूझ मुहूर्त' माना जाता है, जिसमें किसी भी शुभ कार्य के लिए पंचांग देखने की आवश्यकता नहीं होती। यह भी पढ़ें- Akshay Tritiya 2026: अक्षय तृतीया आज, नोट कर लें आपके शहर में पूजा के लिए शुभ मुहूर्त और पूजा विधि यही कारण है कि विवाह आयोजनों के लिए यह दिन ...