मेरठ, जुलाई 14 -- मेरठ। प्रमुख संवाददाता -------- कंक्रीट या सीमेंट संरचनाओं में निर्माण के बाद आने वाली दरारें अब सिरदर्द नहीं बनेंगी। ये दरारें खुद भर जाएंगी और निर्माण की ताकत भी बढ़ेगी। चौ.चरण सिंह विवि कैंपस में केमेस्ट्री की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ.नाजिया तरन्नुम एवं शोधार्थी मानवी सिंह ने निर्माण क्षेत्र के लिए पर्यावरण अनुकूल सेल्फ हीलिंग माइक्रोकैप्सूल विकसित किया है जो इन दरारों को खुद भर देगा। 50 माइक्रोन के आकार के इन माइक्रोकैप्सूल को बिना किसी जटिल उपकरणों के सीधे सीमेंट, मोर्टार या कंक्रीट मिश्रण में मिलाया जा सकेगा। यह माइक्रोकैप्सूल 12 महीनों तक स्थित रहेंगे। इस तकनीक को भारतीय पेटेंट मिल गया है।

तकनीक के फायदे डॉ.नाजिया के अनुसार यह तकनीक पारंपरिक निर्माण सामग्रियों से एक कदम आगे है। यह तकनीक फॉर्मेल्डिहाइड-रहित और नॉन-टॉ...