हरदोई, फरवरी 25 -- हरदोई, संवाददाता। जिले का एकमात्र आयुष विंग इन दिनों अपने भवन के बजाय मेडिकल कॉलेज की ओपीडी के एक केबिन से संचालित हो रहा है। यहां होम्योपैथिक, आयुर्वेदिक और यूनानी तीनों पद्धतियों से इलाज की सुविधा तो उपलब्ध है, लेकिन दवाओं की कमी के कारण मरीजों की संख्या न के बराबर रह गई है। जानकारी के अनुसार वर्ष 2016 में जिला अस्पताल परिसर में आयुष विंग के लिए अलग भवन का निर्माण हुआ था, लेकिन फिलहाल यह सुविधा मेडिकल कॉलेज की ओपीडी के एक कमरे में चल रही है। बिजली और वाई-फाई की व्यवस्था मेडिकल कॉलेज की ओर से की जा रही है। बुधवार को आयुष विंग में कोई भी दोपहर करीब 12 बजे मरीज मौके पर नहीं मिला। डाक्टर नौशाद यूनानी पद्धति, आयुवेर्दिक डाक्टर मुकेश, फार्मासिस्ट मौजूद थे। होम्योपैथी डाक्टर रमेश की कुर्सी खाली थी। मौजूद स्टाफ मरीजों का इंतज...