फतेहपुर, जून 5 -- फतेहपुर। प्राकृतिक रूप से मृदा उर्वरता बढ़ाने व रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम करने के लिए पहल की शुरुआत हो चुकी है। यूएनईपी टीईईबी एग्रीफूड परियोजना के तहत ढैंचा का बीज वितरित किया गया। समूहों की दीदी और किसानों को स्मार्ट कृषि को लेकर टिप्स दिए और तकनीकी खेती के साथ ही मिट्टी को उपजाऊ बनाने की बात कही। ब्लाक मलवा पहुंचे आईसीएआर-भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान संस्थान, चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के तत्वाधान में यूएनईपी टीईईबी एग्रीफूड परियोजना के तहत शिवराजपुर गांव में ढैंचा बीज वितरण किया गया। महिला समूहों की सहभागिता से जलवायु स्मार्ट कृषि पद्धतियों को बढ़ावा मिलेगा। यह भी पढ़ें- उर्वरकों को करें संतुलित उपयोग, बढ़ेगी पैदावार इस पहल से पर्यावरण अनुकूल हरित खाद से कृषि पद्धतियों को प्रोत्साहित कि...