नई दिल्ली, अक्टूबर 9 -- मन कहीं और भटकता सा रह सकता है। काम सामने होगा, पर सोच अपनी अलग दुनिया में चलती रहेगी। सुबह की शुरुआत में भी ऐसा हो सकता है कि चाय बनाते बनाते आप किसी पुराने प्लान, नई जगह या किसी कल्पना में खो जाएं। 9 अक्टूबर 2026 का मूलांक 9 भीतर की बेचैनी को थोड़ा तेज करता है, जबकि भाग्यांक 2 आपको नरम ढंग से खुद को संभालने का संकेत देता है। राहु के कारण आपकी सोच आम लोगों से अलग चलती है। यही बात कई बार नया आइडिया देती है, पर कभी भ्रम भी बढ़ाती है। इसलिए हर खयाल को सच मानने के बजाय उसे कागज पर उतारें। मन को भागने देने के बजाय दिशा देना बेहतर रहेगा।प्रेम और रिश्ते अपनों से बात करते हुए आप पूरे मन से मौजूद नहीं दिखेंगे, तो सामने वाला दूरी महसूस कर सकता है। ऐसा जरूरी नहीं कि कोई बड़ी समस्या हो, पर आपकी चुप कल्पनाओं में बदल जाए तो गलत...