मुहर्रम में हिंदू परिवार पेश कर रहा सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल
चतरा, जून 26 -- लावालौंग प्रतिनिधि प्रखंड क्षेत्र के हेडुम गांव में एक हिंदू परिवार पिछले करीब 35 वर्षों से मुहर्रम की परंपरा निभाकर सांप्रदायिक सौहार्द और गंगा-जमुनी तहजीब की अनूठी मिसाल पेश कर रहा है। खास बात यह है कि गांव में मुस्लिम परिवार नहीं होने के बावजूद मुहर्रम के मौके पर ताजिया उठाने, जुलूस निकालने और उससे जुड़ी रस्मों को पूरे श्रद्धा और परंपरा के साथ निभाया जाता है। इस परंपरा को देखने और जानने के लिए आसपास के लोग भी गांव पहुंचते हैं। ज्ञात हो कि गांव के एक हिंदू परिवार द्वारा वर्षों पहले शुरू की गई यह परंपरा आज भी उसी आस्था के साथ जारी है। यह भी पढ़ें- मुहर्रम : गंगा-जमुनी तहजीब की अनूठी मिसाल है सुरजुडीह गांव परिवार के सदस्य मुहर्रम के दौरान ताजिया बनवाते हैं, जुलूस निकालते हैं और परंपरागत रीति-रिवाजों का पालन करते हैं। गांव क...
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