कटिहार, अप्रैल 13 -- हसनगंज, संवाद सूत्र थाना क्षेत्र के कालसर पंचायत अंतर्गत महादलित टोला गोदया गांव निवासी 45 वर्षीय संतोष ऋषि का शव जैसे ही मुंबई नासिक से गांव पहुंचा, पूरे इलाके में मातम छा गया। परिजनों के बीच कोहराम मच गया। पत्नी व बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। प्राप्त जानकारी के अनुसार संतोष ऋषि करीब पांच माह पूर्व रोजी-रोटी की तलाश में नासिक गए थे। जहां वह एक कंपनी में मजदूरों के लिए खाना बनाने का काम कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि अचानक सीने में दर्द होने के बावजूद कंपनी के मुंशी और ठेकेदार द्वारा समय पर इलाज नहीं कराया गया। जिसके कारण उनकी मौत हो गई। मृतक की पत्नी रीना देवी ने बताया कि यदि समय पर इलाज मिल जाता तो उनके पति की जान बच सकती थी। उन्होंने कहा कि अब परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उनके दो बेटे और एक बेटी हैं और...