लखनऊ, जून 6 -- लखनऊ, प्रमुख संवाददातापरिषदीय स्कूलों में वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त अध्यापकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की अनिवार्यता से राहत दिलाने की मांग तेज हो गई है। विधान परिषद सदस्य देवेंद्र प्रताप सिंह व राजबहादुर चंदेल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से शिक्षकों को सेवा अनुभव के आधार पर वेटेज देने की मांग की है।मुख्यमंत्री से मिलने गए प्रतिनिधिमंडल में उप्र प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष विनय तिवारी व संयुक्त महामंत्री अमित सिंह भी मौजूद रहे। उन्होंने प्रभावित शिक्षकों के लिए विशेष टीईटी आयोजित कर उन्हें सेवा अनुभव के आधार पर वेटेज देने की मांग की, जिससे शिक्षक टीईटी पास कर सकें।टीईटी अनिवार्यता के विरोध में अटेवा जन-जागरण यात्रा निकालेगा। राजधानी के काकोरी शहीद स्थल से टीईटी अनिवार्यता खत्म करने व पुरानी पेंशन बहाल ...