नई दिल्ली, अप्रैल 3 -- ज्योतिषशास्त्र में ग्रहों की युति का विशेष महत्व होता है। इस समय मीन राशि में मंगल और शनि एक साथ आ गए हैं। यानी मीन राशि में मंगल और शनि की युति बनी हुई है। मंगल 2 अप्रैल को ही इस राशि में आए हैं और 11 मई तक यहीं रहेंगे। शनि पहले से मीन राशि में विराजमान है। ज्योतिष में मंगल को ऊर्जा, आक्रामकता और टकराव से जोड़कर देखा जाता है। वहीं शनि को दबाव, देरी और अनुशासन का ग्रह माना जाता है। जब ये दोनों एक साथ आते हैं, तो चीजें सीधी नहीं चलतीं। कहीं तेजी होती है तो कहीं रुकावट भी आती है। मीन जल तत्व की राशि है, इसलिए इस योग को पानी, मौसम और बड़े स्तर की हलचल से भी जोड़कर देखा जा रहा है। कुछ ज्योतिष जानकारों का कहना है कि इस दौरान दुनिया के कई हिस्सों में तनाव बढ़ सकता है। खासकर सीमाओं या समुद्र से जुड़े मामलों में हलचल हो सकत...