मुजफ्फर नगर, मई 3 -- मोरना। भागवत पीठ श्री शुकदेव आश्रम में राम कथा के अवसर पर पीठाधीश्वर स्वामी ओमानन्द महाराज ने व्यासपीठ का पूजन किया। इसके बाद मोरारी बापू को शॉल एवं माला पहनाकर सम्मानित किया। स्वामीजी ने बापू को महामुनि श्री शुकदेव जी का चित्र भेंट किया। स्वामी ओमानंद महाराज ने कहा कि आत्मकल्याण के लिए जितने भी साधन हैं उनमें राम कथा सर्वोत्तम, सरल, सुविधाजनक एवं सबसे ज्यादा फलदायी है, जो सत्य और मर्यादा का आचरण करना सिखाती है। राम चरित मानस विश्व के आध्यात्मिक साहित्य का मुकुट है। आध्यात्मिक साहित्य की अमर रचना है, जिसकी प्रत्येक चौपाई प्रेरक है। यह भी पढ़ें- श्री रामकथा के लिए शुकतीर्थ पहुंचे संत मोरारी बापू, कथा आज सेराम चरित मानस का महत्व उन्होंने कहा कि राम चरित मानस संपूर्ण मानव जाति का सच्चा पथ प्रदर्शक है, जो लोक मर्यादा और च...