ध्रुव शंकर तिवारी, जनवरी 24 -- जीवनसाथी का साथ निभाने के अनगिनत उदाहरण हैं। प्रयागराज में चल रहे माघ मेला में भी एक उदाहरण देखने को मिला जब एक पति अपनी पत्नी की प्रबल इच्छा को पूरा करने के लिए संगम पहुंच गए। जौनपुर निवासी व रिटायर्ड प्रिंसिपल डॉ. राम शृंगार शुक्ल अपनी पत्नी बुनेला शुक्ला के साथ त्रिवेणी तट के पास कल्पवास व शैयादान करने के लिए पहली बार आए हैं। पत्नी बीमार रहती हैं। उम्र के 68वें पड़ाव पर भी डॉ. राम शृंगार अपने पति धर्म का पालन कर रहे हैं। डॉ. शुक्ल मुंगराबादशाहपुर स्थित हिंदू इंटर कॉलेज से वर्ष 2021 में प्रिंसिपल पद से रिटायर हुए थे। पिछले साल उनकी पत्नी ने महाकुम्भ में ही कल्पवास व शैयादान करने की इच्छा उनसे जाहिर की थी, लेकिन तबियत खराब होने की वजह से दोनों नहीं आ सके। जिसके बाद इस बार डॉ. शुक्ल ने पत्नी की इच्छा को पूरी...