लातेहार, अप्रैल 1 -- महुआडांड़ प्रतिनिधि। प्रखंड क्षेत्र में गर्मी की शुरुआत के साथ ही पेयजल व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने लगी है। खराब पड़े जलमिनार और चापाकलों की मरम्मत मिस्त्रियों की भारी कमी के कारण ठप पड़ी है, जिससे ग्रामीणों को पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग पर केवल कागजी खानापूर्ति का आरोप लगाया है। कई गांवों में जलमिनार महीनों से खराब हैं, लेकिन अब तक उन्हें दुरुस्त नहीं किया गया है। प्रखंड के 14 पंचायतों और करीब 50 गांवों में मरम्मत के लिए पर्याप्त मिस्त्री नहीं होने से समस्या और बढ़ गई है। लोगों का कहना है कि विभाग ने गर्मी में पेयजल संकट नहीं होने का दावा किया था, लेकिन वर्तमान हालात इसके विपरीत हैं। कई जगहों पर लोग दूर-दराज से पानी लाने को मजबूर हैं, जबकि कई हैंडपंप भी खराब हो चुके हैं। ग्रामीणों न...
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