नई दिल्ली, जुलाई 9 -- संसद के मानसून सत्र में सरकार के विधायी कामकाज में महिला आरक्षण विधेयक फिर से शामिल हो सकता है। बीते सत्र में इस विधेयक के साथ परिसीमन विधेयक को दो तिहाई समर्थन न मिल पाने के कारण सरकार को पीछे हटना पड़ा था। सरकार के पास राज्यसभा में तो ज्यादा समस्या नहीं है, लेकिन लोकसभा का अंकगणित साधने की चुनौती है। इसके लिए सरकार के प्रबंधकों ने द्रमुक से अनौपचारिक चर्चाओं के साथ एनसीपी (शरद पवार) सहित कुछ अन्य छोटे दलों को साधना भी शुरू किया है。

महिला आरक्षण विधेयक पर सरकार की गंभीरता केंद्र में सरकार बनने के बाद मोदी सरकार के सबसे अहम एजेंडों में शामिल महिला आरक्षण विधेयक को जल्द लागू करने के बीते सत्र के फैसले को लोकसभा में लगे झटके को लेकर सरकार काफी गंभीर है। अब सरकार मानसून सत्र में इसे पारित कराने की तैयारी में है ताकि वि...