नई दिल्ली, सितम्बर 27 -- महाराष्ट्र इस समय बड़े स्तर पर सूखे का सामना कर रहा है। राज्य सरकार ने 36 जिलों के 358 में से 265 तालुकाओं में सूखा घोषित कर दिया है। सरकार के इस फैसले के बाद कांग्रेस पार्टी राज्य में तेजी के डेटा सेंटर लगाने की योजना पर सवाल उठाए हैं। विपक्षी दल की तरफ से पूछा गया कि आखिर सरकार यह कैसे सुनिश्चित करेगी कि डेटा सेंटर को बढ़ावा देने के बाद किसानों और आम नागरिक, जो कि पहले से ही सूखे से परेशान हैं। उनसे जल संसाधन नहीं छीने जाएंगे। कांग्रेस से राज्यसभा सांसद और पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने प्रमुखता के साथ इस मुद्दे को उठाया। उन्होंने सोशल मीडिया साइट एक्स पर लिखा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के 358 में से 265 तालुकों में आधिकारिक तौर पर सूखा घोषित किया है, जो राज्य का करीब 75 प्रतिशत ...