गया, फरवरी 25 -- इस बार होली का रंग महंगाई के कारण फीका पड़ता नजर आ रहा है। त्योहार के पारंपरिक पकवानों पर बढ़ती कीमतों का सीधा असर देखने को मिल रहा है। आटा, मैदा, सूजी, बेसन, तेल, चीनी से लेकर मसाले और ड्राई फ्रूट्स तक के दामों में पिछले पांच वर्षों में भारी वृद्धि दर्ज की गई है। स्थानीय बाजार में आटा, मैदा और सूजी की कीमतों में करीब 30 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है। वहीं होलिका दहन और पकवानों के लिए जरूरी बेसन की कीमत में लगभग 50 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो चुकी है और यह 90 रुपये प्रति किलो के पार पहुंच गया है। मसालों की बात करें तो गोलकी, मिर्च, लहसुन सहित अन्य मसालों के दाम में भी 40 प्रतिशत तक की तेजी आई है। होलिका दहन के लिए उपयोग में आने वाले उपले (गोइठा) के दाम भी बढ़ गए हैं। पहले एक रुपये में पांच पीस उपला मिल जाता था, जबकि अब एक रुपये में...
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