दुमका, अप्रैल 20 -- मसलिया, प्रतिनिधि। मसलिया में आयोजित 24 प्रहर व्यपी हरिनाम संकीर्तन की पहली रात शनिवार को नवदीप धाम से आए हुए कीर्तनिया गौरी राय पंडित ने राधा एवं श्रीकृष्ण के लीला पर आधारित कलहन्तरिता पाला कीर्तन का परिवेशन किया। कीर्तन परिवेशन में कीर्तनिया गौरी राय ने पहले गौर चंद्रिका में गौर लीला का वर्णन अति सुंदर रूप से किया। उन्होंने बताया कि गौरांग महाप्रभु के भजन करने से कृष्ण दर्शन संभव है। उन्होंने आगे राधा कृष के कलहन्तरिता पाला कीर्तन का वर्णन करते हुए कहा कि श्री राधा रानी श्रीकृष्ण के लिए कुंज सजाकर रखी थी। श्री राधा रानी को उम्मीद था कि श्रीकृष्ण पहले उनके ही कुंज में आएंगे, परंतु भक्त शिरोमणि श्रीकृष्ण ने उनके परम् सखी चन्द्रावली के कुंज में पहले पहुचकर भक्त का भगवान होने का परिचय दिया। इधर राधा रानी अपने हाथों से सज...