मरम्मत के नाम पर लाखों खर्च होने के बाद भी अभिशाप बन जाती हैं जिले की नहरें
संतकबीरनगर, मई 22 -- संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। संतकबीरनगर जनपद की नहरें उपेक्षा के कारण किसानों के लिए वरदान के बजाय सीजन के समय में अभिशाप बन जाती हैं। समय से नहरों में पानी छोड़ा नहीं जाता है। जिस समय किसानों को सबसे अधिक पानी की जरूरत होती है उस समय नहर सूखी पड़ी रहती है। वहीं जब संचालन होता है तो जर्जर नहरें कई जगह कट जाती हैं। जिससे किसानों फसल बर्बाद हो जाती है। वहीं टेल तक पानी भी नहीं पहुंच पाता है। वर्तमान समय में सभी नहरें सूखी पड़ी हैं। किसान इसको लेकर पूरी तरह परेशान हैं। जबकि वर्तमान समय में खेतों के सिचाई की जरूरत है। सरकार ने सिंचाई के लिए गांवों में नहरों का जाल तो बिछा दिया गया पर इनमें जरूरत के समय पानी नहीं रहता है। क्षेत्र में सरयू नहर की शाखा, उपशाखा, माइनर नहरों का जाल बिछा दिया गया है, जो किसानों के लिए बेमतलब सा...
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