देवघर, अप्रैल 6 -- नगर परिषद मधुपुर का डोर- टू- डोर कचरा उठाव योजना अब पूरी तरह से प्रभावित हो गई है। शहरी क्षेत्र के 23 वार्डों में यह योजना 2019-20 में शुरू हुई थी। जिसमें प्रत्येक वार्ड के लिए लगभग 10 लाख रुपए की लागत से एक-एक ऑटो टीपर वाहन उपलब्ध कराया गया था। पूरे योजना की कुल लागत 128 करोड़ रुपए थी और इसे 20 साल के लिए तैयार किया गया था। योजना में वाहनों को सुखा और गीला कचरा अलग-अलग उठाने के लिए दो हिस्सों में बांटा गया था। लेकिन प्रारंभिक काल में कुछ महीना तक कचरा उठाव हुआ। इसके बाद अधिकतर वाहन धीरे-धीरे खराब हो गए। फिलहाल 23 में से 18 ऑटो टीपर वाहन खड़े हैं, जो नगर परिषद वार्ड विकास केंद्र तिलैयाटांड़ और बरसतिया स्थित कचरा डंप स्थल पर बेकार पड़ा है। वाहनों की देखरेख और मरम्मत नहीं होने के कारण धीरे-धीरे कबाड़ में तब्दील होता जा रह...