नई दिल्ली, मार्च 27 -- कलकत्ता हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त जज और पश्चिम बंगाल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन शाहिदुल्लाह मुंशी ने दावा किया कि चुनावी लिस्ट की न्यायिक जांच के बाद उनका नाम हटा दिया गया है, और उन्होंने एक अपीलीय ट्रिब्यूनल में जाने का फैसला किया है। यह बात 'जांच के दायरे में' वाले वोटरों की पहली पूरक सूची जारी होने के बाद सामने आई। जस्टिस मुंशी ने कहा कि उनकी पत्नी और बड़े बेटे के नाम अभी भी जांच के दायरे में हैं। राज्य वक्फ बोर्ड के चेयरमैन ने यह भी कहा कि वह एसआईआर की सुनवाई के लिए पेश हुए थे, अपना पासपोर्ट जमा किया था और अपना आधार और पैन कार्ड देने की पेशकश भी की थी। उन्होंने कहा कि उनके परिवार ने 28 फरवरी को जारी एसआईआर के बाद वाली चुनावी लिस्ट में अपने नामों को 'जांच के दायरे में' के तौर पर मार्क किया हुआ पाया। उन्होंने कहा कि मेरा...