नई दिल्ली, दिसम्बर 5 -- सीजेआई सूर्यकांत ने शुक्रवार को बड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि मंदिर का पैसा भगवान का है और पैसे की तंगी से जूझ रहे कोऑपरेटिव बैंकों को सहारा देने के लिए इसका इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। चीफ जस्टिस सूर्यकांत (सीजेआई) और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने यह तीखी टिप्पणी कुछ कोऑपरेटिव बैंकों की अपील पर सुनवाई करते हुए की। इन अपीलों में केरल हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी गई थी जिसमें बैंकों से थिरुनेली मंदिर देवस्वोम को जमा रकम वापस करने को कहा गया था। सीजेआई सूर्यकांत ने पूछा, "आप मंदिर के पैसे का इस्तेमाल बैंक को बचाने के लिए करना चाहते हैं? यह निर्देश देने में क्या गलत है कि मंदिर का पैसा, एक कोऑपरेटिव बैंक में रखने के बजाय, जो बड़ी मुश्किल से चल रहा है, एक स्वस्थ नेशनलाइज्ड बैंक में जाए जो ज्यादा से ज्यादा ब्याज...