जमुई, अप्रैल 22 -- अलीगंज । निज संवाददाता गर्मी की तपिश बढ़ने के साथ भूमिगत जलस्तर नीचे जाने लगा है। फलस्वरूप मध्यम जलस्तर पर लगे चापाकल ने पानी उगलना बन्द कर दिया है। फलत: पेयजल के लिए लोगों की निर्भरता पूर्ण रूप नल-जल पर हो गई है। ऐसे में अगर कुछ घंटे भी बिजली बाधित होती है, तब पानी के लिए परेशानी बढ़ जाती है। क्षेत्र में मध्यम भूमिगत जलस्तर 40-80 फीट पर लगे अधिकांश चापाकल ने पानी उगलना बन्द कर दिया है। ऐसे में जिनके घर समरसेवल पंप नही है, उनके समक्ष पीने के पानी के लिए भटकना पड़ रहा है। लोगों को पेयजल के लिए नलजल पर पूरी तरह से निर्भरता बढ़ जाती है। यह भी पढ़ें- गर्मी शुरू होते ही डेढ़ फीट नीचे खिसका जलस्तर वैसी स्थिति में अगर बिजली गुल रहती है, तब गरीबों को पीने को ठंडा पानी नहीं मिल पाता है। बहछा मुसहरी में एक मध्यम जलस्तर पर चापाकल लगा ह...