नई दिल्ली, मार्च 5 -- अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में अमेरिका का हमला और उसमें ईरानी पोत को तबाही जारी युद्ध को और विध्वंसक बना सकती है। ईरान की तरफ से इस हमले को अत्याचार करार दिया गया है। साथ ही कहा कि 'भारतीय नौसेना के मेहमान' पर हमला करने की अमेरिका भारी कीमत चुकाएगा। जहाज पर करीब 180 लोग सवार होने की खबरें हैं, जिनमें से 32 को बचा लिया गया था। ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा, 'लगभग 130 नाविकों को ले जा रहे और भारत की नौसेना के अतिथि पोत 'फ्रिगेट देना' पर अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में बिना किसी चेतावनी के हमला किया गया। मेरी बात याद रखना- अमेरिका ने जो उदाहरण पेश किया है, उसे उस पर अत्यधिक पछतावा होगा।' ईरानी पोत हाल में भारत की तरफ से आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय नौसैन्य अभ्यास में शामिल हुआ था।पनडुब्बी से बनाया निशाना अमेरिका के...