चंदौली, मई 2 -- इलिया, हिन्दुस्तान संवाद। इलिया क्षेत्र के खरौझा गांव के हिनौती मौजा स्थित हनुमान मंदिर प्रांगण में हनुमान सेवा समिति के तत्वावधान में चल रही नवदिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा के छठें दिन कथावाचिका शालिनी त्रिपाठी ने नारी के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। कहा कि नारी का जीवन एक संत के समान होता है। समाज में नारी का सम्मान और पूजा तब तक होती है, जब तक उसका चरित्र अक्षुण्ण रहता है। उन्होंने नारी के त्याग, मर्यादा और संस्कारों को भारतीय संस्कृति की आधारशिला है। उन्हें समाज में सम्मान और संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया।उन्होंने भक्ति और भावना के महत्व को समझाते हुए कहा कि सच्चे भाव से किया गया भजन ही भगवान तक पहुंचता है। यह भी पढ़ें- लड़कियों के उपर रहता है दो कुलों का दायित्व उन्होंने राम-लक्ष्मण और भरत के प्रसंगों का उल्लेख करत...
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