नई दिल्ली, जनवरी 27 -- नई दिल्ली। प्रमुख संवाददाता 25वें भारत रंग महोत्सव (भारंगम)का उद्घाटन राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय के परिसर में हुआ। इस अवसर पर केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि यह एक ऐतिहासिक अवसर है। यह महोत्सव केवल रंगमंच का उत्सव या कार्यक्रम नहीं है बल्कि भारंगम साधकों की साधना व तपस्या का प्रसाद है। इस नाट्य परंपरा को भारत के लोगों ने शताब्दियों तक सजे कर रखा। नाटक को पंचमवेद की संख्या इसलिए दी गई क्योंकि इसमें चारो वेद को समाहित किया गया। भारंगम की यात्रा केवल समय की यात्रा नहीं है बल्कि यह सांस्कृतिक साधना की यात्रा है। इस मंच ने भारत के विभिन्न कोनों में परंपराओं को समृद्ध किया और राष्ट्रीय स्तर पर प्रकीर्णन करने में महती योगदान दिया। यह देश सबसे बड़ा नाट्य महोत्सव होने के साथ सबसे प्रभावशाली उत...