विकासनगर, दिसम्बर 22 -- बूढ़ा महादेव मंदिर में सोमवार से शुरू हुई भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के पहले दिन कलश यात्रा निकाली गई। यात्रा काली माता मंदिर से आरंभ होकर दिनकर विहार से गुजरी। महिलाएं पीले वस्त्रों में सिर पर कलश लेकर बैंड-बाजे के साथ मंगलगान करते कथास्थल पर पहुंचीं। श्रीमद्भागवत कथा का श्रीगणेश करते हुए कथा व्यास प्रेम नारायण महाराज ने कहा कि जो आनंद हमारे भीतर है, उसे जीवन में किस प्रकार प्रकट करें, यही भागवत शास्त्र सिखाता है। जैसे दूध में मक्खन रहता है, लेकिन दिखता नहीं, मंथन करने पर मिलता है। इसी प्रकार मानव मन को मंथन करके आनंद को प्रकट किया जा सकता है। कथा व्यास ने कहा कि भागवत कथा सनातन धर्म का सार है। इसमें भगवान श्रीकृष्ण के जीवन चरित्र और उनके उपदेशों का वर्णन है। भागवत कथा सुनने से मन को शांति मिलती है। जीवन में सकारात्मक ब...