मुजफ्फरपुर, जून 7 -- सकरा,हिन्दुस्तान संवाददाता। बरियारपुर थाने के फिरोजपुर गांव में श्रीमद्भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ के अंतिम दिन रविवार को हरिहर क्षेत्र पीठाधीश्वर जगद्गुरुरामानुजाचार्य स्वामी लक्ष्मणाचार्य ने परीक्षित मोक्ष की कथा सुनाई। उन्होंने कहा कि मृत्यु से कोई बच नहीं सकता। भागवत कथा श्रवण करने से मृत्यु का भय समाप्त हो जाता है। इस कथा को श्रवण करने से 126 प्रकार का लाभ होता है। राजा परीक्षित को जंगल में शिकार खेलने बाद प्यास लगी। उन्होंने शमीक ऋषि से पीने के लिए जल मांगा। शमीक ऋषि समाधि में थे कौन आया कौन गया वो कुछ नहीं जानते थे। पानी नहीं देने के कारण मरा हुआ सर्प ऋषि के गले में डाल दिया। इसपर क्रोधित होकर ऋषिपुत्र ने राजा को श्राप दिया कि आज से सातवें दिन राजा को सर्प डसेगा इससे इनकी मृत्यु होगी। शुकदेव जी का आगमन होता है और र...