अयोध्या, फरवरी 2 -- बीकापुर, संवाददाता। विकासखंड क्षेत्र के तिवारीपुर खजुरहट में आयोजित सप्त दिवसीय संगीतमयी श्रीमद् भागवत कथा महापुराण के द्वितीय दिवस कथा वाचक पंडित मुकेश तिवारी ने भागवत कथा के महात्म पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जब तक जीवन में ज्ञान और वैराग्य का समन्वय नहीं होता, तब तक भक्ति को पूर्ण नहीं माना जा सकता। सुखदेव-परीक्षित संवाद का वर्णन करते हुए कथा वाचक ने कहा कि जीवन की हर परिस्थिति में मनुष्य को भगवत भजन का आश्रय नहीं छोड़ना चाहिए। उन्होंने कहा कि भागवत कथा में जो भी श्रद्धालु सीखने या पाने की भावना से आता है, उसे यह कथा अवश्य कुछ न कुछ प्रदान करती है। कथा में प्यासे बनकर, सीखने और आत्मकल्याण के उद्देश्य से आने वालों को भागवत कथा जीवन का सही मार्ग दिखाती है। पंडित मुकेश तिवारी ने कहा कि मनुष्य जीवन विषय-व...