गोरखपुर, फरवरी 3 -- मनीष मिश्र गोरखपुर। मिर्गी के मरीजों के लिए एक बड़ी उम्मीद जगी है। भांग से निकलने वाले रसायन कैनाबिडियोल (सीबीडी) को मिर्गी के सटीक इलाज में बेहद कारगर पाया गया है। यह दिमाग के तंत्रिका तंत्र को मजबूत बनाता है और सोडियम चैनलों में होने वाले ब्लॉकेज को दूर कर विद्युत संकेतों के संचार को नियंत्रित करता है। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के भौतिक विज्ञान विभाग के प्रोफेसर उमेश यादव और रिसर्च स्कॉलर(शोध छात्रा) शिवांगी नेगी ने इस दिशा में महत्वपूर्ण शोध किया है। यह रिसर्च कंप्यूटर सिमुलेशन पर आधारित है। यह रिसर्च एल्सेवियर के प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय पत्रिका जर्नल ऑफ मॉलेक्युलर लिक्विड्स में प्रकाशित हुई है। प्रो उमेश यादव ने बताया कि मिर्गी न्यूरोलॉजिकल बीमारी है। इसमें मस्तिष्क में अचानक विद्युत संकेतों का असंतुल...
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