सोनभद्र, फरवरी 6 -- सोनभद्र, संवाददाता। राबर्ट्सगंज के उरमौरा स्थित गायत्री भवन तेजनगर में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा में पांचवें दिन शुक्रवार को भी कथा सुनने के लिए भक्तों की भारी भीड़ रही। अयोध्या धाम से आए मनीष शरण जी महाराज ने कहा कि जब भक्तों पर अत्याचार होता है तब निराकार परमात्मा का अवतार होता है। उन्होंने कथा को आगे बढ़ाते हुए कहा कि देवकी बासुदेव पर हो रहे अत्याचारों को देखकर भगवान ने देवकी के अष्टम पुत्र के रूप में अवतार लिया। जब भगवान बाल रुप में हुए और बसुदेव जी ने उन्हें गोद मे लिया तो वासुदेव जी की हथकड़ी बेड़ी अपने आप ही टूट गई और प्रहरी सो गए, पूरा कारागार शांत हो गया, चारों ओर शांति छा गई। यमुना पार करके बालकृष्ण को नन्द बाबा के यहां पहुँचाया और वहां उसी समय भगवान की माया ही कन्या रूप में अवतार ले कर आई है, जिसे लेकर वासुदेव जी ...