धनबाद, जून 10 -- कतरास बाजार हटिया स्थित राजस्थानी धर्मशाला में आयोजित श्रीमद भागवत कथा ज्ञान महायज्ञ में श्रीकृष्ण कथा में मंगलवार को भगवान श्रीकृष्ण की बाल एवं दिव्य लीलाओं का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथावाचक कन्हैया द्विवेदी ने कहा कि भगवान का अवतार केवल दैत्यों के संहार के लिए नहीं, बल्कि अपने भक्तों के कल्याण और उनके मनोरथ पूर्ण करने के लिए होता है। भगवान के जन्म की सूचना पाकर नंदबाबा अत्यंत प्रसन्न हुए और उन्होंने अन्न, धन एवं वस्त्रों का दान कर उत्सव मनाया। माखन चोरी लीला का वर्णन करते हुए उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण के यहां अपार गौधन और दूध-दही की कोई कमी नहीं थी, फिर भी वे गोपियों के घर माखन चुराने जाते थे। यह भी पढ़ें- श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, गोवर्धन पूजा का मनोहारी वर्णन किया इसका उद्देश्य गोपियों के प्रेम को स्वीकार करना ...