नई दिल्ली, सितम्बर 14 -- अरविंद गुप्ता,पूर्व राजनयिक एवं डायरेक्टर, वीआईएफ अगले साल चीन में मिलने के वायदे के साथ नई दिल्ली ब्रिक्स सम्मेलन का समापन हो गया, लेकिन विश्व शांति को लेकर इससे जो ध्वनि निकली है, उसका दूरगामी असर होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह आह्वान उचित है कि महत्वपूर्ण खनिजों और तकनीक को हथियार बनाने से बचना चाहिए। भू-राजनीतिक तनाव से दुनिया भर के लोगों पर पड़ रहे नकारात्मक प्रभावों के कारण ब्रिक्स समूह के भीतर लचीलापन बढ़ाने संबंधी बातों के भी गहरे निहितार्थ हैं। प्रधानमंत्री मोदी जब पिछले पखवाड़े शंघाई सहयोग संगठन की किर्गिस्तान बैठक में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मिले थे, तब उन्होंने साफ-साफ कहा था कि अंतहीन युद्ध अब खत्म होने चाहिए। भारत चाहता है कि युद्ध किसी भी कीमत पर रुकें, क्योंकि इनसे कई तरह की दिक्क...