सीतापुर, फरवरी 7 -- सही मायनों में अगर देखा जाए तो जिले में पेयजल आपूर्ति की पूरी व्यवस्था जर्जर पाइपलाइनों के सहारे ही चल रही है। शहर हो या कस्बा, हर जगह पानी की सप्लाई पुरानी और क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों से दी जा रही है, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती हैं। शहर में कई इलाके ऐसे हैं, जहां सीवर लाइन और पानी की पाइप लाईन के बीच फासला काफी कम है। जो लोगों की परेशानी का सबब बना हुआ है। यही नहीं तहसीलों और कस्बों में पाइपलाइन लीकेज की समस्या वर्षों से बनी हुई है। यहां पाइपलाइन में लीकेज होने पर महीनों तक पानी सड़कों पर बहता रहता है। वहीं जल संचयन को लेकर प्रभावी प्रयास ना हाने के चलते लगातार भूजल स्तर में गिरावट भी चिंता की वजह बना हुआ है। जिसकी बड़ी वजह पानी का अत्यधिक दोहन और कम वर्षा जल संचयन के इंतजामों की कमी है। जिले में सरकारी भवनों ...
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