भागलपुर, जनवरी 16 -- -प्रस्तुति: श्रुतिकांत हिंदू पंचांग के अनुसार मकर संक्रांति पर्व के साथ ही सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने से खरमास की अवधि समाप्त हो गई है। खरमास के दौरान सूर्य धनु राशि में रहता है और इस समय विवाह, मुंडन, उपनयन, गृह प्रवेश जैसे सभी शुभ और मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं। यही वजह है कि बीते एक महीने से समाज में ऐसे आयोजनों पर विराम लगा हुआ था। अब खरमास खत्म होते ही एक बार फिर मांगलिक कार्यक्रमों की शुरुआत होने जा रही है और इसके साथ ही प्रशासन के सामने भी एक बड़ी चुनौती शादी - विवाह में बजने वाले डीजे की तेज आवाज पर नियंत्रण है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार इस बार फरवरी महीने से लेकर जुलाई महीने तक शादी-विवाह और अन्य शुभ कार्यों के लिए भरपूर शुभ मुहूर्त उपलब्ध हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार 4 फरवरी से विवाह और अन्...