भागलपुर, मार्च 3 -- -प्रस्तुति: गौरव कुमार मिश्रा/कुमार आदर्श दिदारगंज पंचायत अंतर्गत वार्ड-10 का जनकपुर पूर्वी टोला, प्रशासनिक फाइलों में भले ही विकास की कतार में दर्ज हो, लेकिन ज़मीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट है। करीब 110 घरों वाला यह गांव आज भी पानी, आवास, स्वच्छता, सड़क और रोजगार जैसी मूलभूत आवश्यकताओं के लिए संघर्ष कर रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि, योजनाओं की घोषणाएं बहुत होती हैं, पर लाभ धरातल तक नहीं पहुंच पाता। गांव की सबसे बड़ी समस्या पेयजल की है। गांव के अधिकतर चापानल सूख चुके हैं। इसके पीछे ग्रामीण बेलहरणी नदी के गहराने को प्रमुख कारण मानते हैं। नदी का तल नीचे जाने से भूजल स्तर काफी नीचे चला गया है, जिसके कारण चापाकल पानी देने में असमर्थ हो गए हैं। स्थिति यह है कि, पूरे वार्ड की आबादी अब पीएचडी विभाग के एकमात्र चापानल पर निर्भर...