बिजनौर, दिसम्बर 9 -- अल्हैपुर विकासखंड के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत मीमला में हालात दिनों-दिन बदतर होते जा रहे हैं। सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। नालियां जर्जर हैं और स्ट्रीट लाइटों की रोशनी बीच राह में ही दम तोड़ देती है। पेयजल संकट ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। कई हिस्सों में कूड़े-कचरे के ढेर लगे दिखाई देते हैं। सड़क किनारे जमा गंदगी न केवल बदबू फैला रही है, बल्कि इससे संक्रामक रोग फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। लोग बताते हैं कि बरसात शुरू होते ही हालात और खराब हो जाते हैं, क्योंकि नालियां वर्षों से साफ नहीं हुईं और कचरे से पूरी तरह भरी पड़ी हैं। ऐसे में हल्की सी बारिश भी पूरे इलाके को जलभराव में बदल देती है। अल्हैपुर विकास खंड की ग्राम पंचायत मीमला की साफ सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ठप हुई है। जहां-तहां गंदगी के अंबार लगे हुए हैं।...
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