गंगापार, जनवरी 6 -- स्वच्छता को पलीता स्वच्छता अभियान के तहत खुले में शौच रोकने और गांवों में स्वच्छता लाने के उद्देश्य से सरकार द्वारा ग्राम पंचायत स्तर पर सामुदायिक शौचालयों का निर्माण कराया गया। एक सामुदायिक शौचालय के निर्माण पर औसतन तीन लाख रुपये की लागत आयी। मांडा विकासखंड क्षेत्र के 69 ग्राम पंचायतों में पिछले दस वर्षों में लगभग सवा दो करोड़ रुपये सामुदायिक शौचालयों पर सरकार ने ग्राम प्रधानों और ग्राम पंचायत अधिकारियों के माध्यम से खर्च कर निर्माण कराया। मांडा खास जैसे बड़े ग्राम पंचायत में दो सामुदायिक शौचालयों का निर्माण हुआ। इन शौचालयों की देखरेख के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर छह हजार रुपये मानदेय और तीन हजार रुपये माहवारी सफाई भत्ता पर केयरटेकर नियुक्त किए गए। विकास खंड के आधा दर्जन ग्राम पंचायतों को छोड़कर ज्यादातर ग्राम पंचायतों ...