भागलपुर, जनवरी 13 -- कस्तूरबा स्कूल की छात्राओं की परेशानी प्रखंड के पचेश्वरी गांव में संचालित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय अनुसूचित जाति-जनजाति और अल्पसंख्यक समुदाय के साथ गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले परिवार की बच्चियों के लिए वरदान है। यहां से सैकड़ों बच्चियां शिक्षित होकर अपने अपने गांव में शिक्षा की लौ जला रही है। किंतु बरहट स्थित यह विद्यालय आज समुचित सुविधाओं से वंचित है। वर्षों बाद भी यह विद्यालय टाइप टू से आगे नहीं बढ़ पाया है जिस कारण यहां की बच्चियां 8 वीं पास होने के बाद आगे की पढ़ाई नहीं कर पाती है। आगे पढ़ने के लिए इन्हें अपने गांव से कई किलोमीटर दूर खैरा, सोनो व चकाई का रुख करना पड़ता है। इससे कम आय वाले इन परिवारों की बच्चियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। पैसे की कमी के कारण कुछ बच्चियों की पढ़ाई छूट जाती है तो कुछ बड़...