रांची, मार्च 20 -- रांची, विशेष संवाददाता। बोकारो की एक 18 वर्षीय युवती के लापता होने के मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के दौरान कड़ा रुख अपनाया। अदालत ने बोकारो के पुलिस अधीक्षक से स्पष्ट रूप से पूछा कि शिकायत मिलने के बावजूद प्राथमिकी दर्ज करने में 10 दिनों की देरी क्यों हुई। अब तक युवती की बरामदगी क्यों नहीं हो सकी और उसे खोजने के लिए क्या-क्या ठोस कदम उठाए गए हैं। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की कार्यशैली पर नाराजगी जताई और कहा कि इस तरह की लापरवाही गंभीर चिंता का विषय है। अदालत ने यह भी पूछा कि आखिर ऐसे मामलों में पुलिस समय पर कार्रवाई क्यों नहीं करती। कोर्ट ने पुलिस से अब तक की कार्रवाई का विस्तृत ब्योरा मांगा। बोकारो एसपी कोर्ट में वर्चुअल रूप से उपस्थित भी हुए। कोर्ट ने 23 मार्च को सुनवाई निर्धारित...