गुना, फरवरी 25 -- मध्य प्रदेश के गुना में अपने बेटे अभ्युदय की हत्या के आरोपों सजा काट रही माँ अलका जैन को लेकर हाई कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। बेटे हत्या के आरोपों पर दर्ज एफआईआर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। हाईकोर्ट की ग्वालियर बेंच ने गुना सीजेएम कोर्ट द्वारा मां पर हत्या और सबूत छुपाने के मामले में लिए गए संज्ञान को भी रद्द कर दिया है। हाईकोर्ट ने कहा है कि बिना ठोस सबूत के आपराधिक कार्यवाही जारी रखना न्याय का उल्लंघन है। इस आदेश के बाद अलका जैन अपने बेटे की हत्या के आरोपों से पूरी तरह से मुक्त हो गई हैं।क्या था पूरा मामला 14 साल के अभ्युदय जैन का शव 14 फरवरी 2025 को घर के बाथरूम में मिला था। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर उसकी मां अलका जैन को हत्या का आरोपी माना था। 22 फरवरी को इस...
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