मुजफ्फर नगर, अगस्त 7 -- पुरकाजी सावन की कांवड़ यात्रा में आस्था और परिवार के स्नेह का अनोखा दृश्य देखने को मिल रहा है। हापुड़ जनपद के गांव ककराना निवासी सुंदर अपनी दो बेटियों वैष्णवी (9 वर्ष) और दीक्षा (11 वर्ष) को पालकी में बैठाकर हरिद्वार से गंगाजल लेकर अपने गांव लौट रहे हैं। सुंदर ने बताया कि उनकी शादी को 15 वर्ष हो चुके हैं। उनकी दो बेटियां हैं, जो लंबे समय से एक छोटे भाई की इच्छा जताती रही हैं। इसी मनोकामना की पूर्ति के लिए उन्होंने भगवान शिव से पुत्र प्राप्ति की मन्नत मांगी है। उनका कहना है कि बेटियों की इच्छा पूरी होने की कामना के साथ ही वह उन्हें पालकी में बैठाकर यह कांवड़ यात्रा कर रहे हैं। यह भी पढ़ें- माता-पिता के उत्तम स्वास्थ्य के लिए सौरभ ने उठाई पहली बार कांवड़ उन्होंने बताया कि 4 अगस्त की सुबह हरिद्वार से गंगाजल लेकर यात्र...