नई दिल्ली, अगस्त 2 -- राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन हर्षित करने वाला तो है ही, यह भविष्य के लिए बहुत उम्मीदें भी देता है। पदक तालिका में चौथे स्थान पर भारत उस स्थिति में खड़ा है, जब भारतीय खिलाड़ियों के दबदबे वाले कई खेल इस बार के आयोजन में शामिल ही नहीं किए गए थे। बावजूद इसके भारतीय खिलाड़ियों ने ग्लासगो में तिरंगे को बार-बार शिखर पर पहुंचाया और 140 करोड़ से अधिक देशवासियों को गौरवान्वित किया। हमारे खिलाड़ियों ने मुक्केबाजी, भारोत्तोलन और जूडो में शानदार प्रदर्शन किया है, बल्कि पहली बार बॉक्सिंग में सात स्वर्ण पदक जीते हैं। सबसे अहम बात यह है कि बेटियों ने स्वर्ण पदकों की झड़ी लगा दी। मीरा बाई चानू से जो शुरुआत हुई, तो फिर इस कतार में शर्मिला, अस्मिता, प्रीति पवार, साक्षी चौधरी, प्रिया धंधास, अरुंधति चौधरी, जैस्मिन ...