नई दिल्ली, अक्टूबर 14 -- केंद्र सरकार ने तीन दिन पहले यानी 11 अक्तूबर को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर को विरोध-प्रदर्शन वाले स्थानों की लिस्ट से बाहर कर दिया था और उसकी जगह तीन नए स्थानों को प्रोटेस्ट साइट के रूप में दर्जा दिया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय के इस फैसले का कांग्रेस समेत कई संगठन विरोध कर रहे हैं। अब जंतर-मंतर की ये लड़ाई सुप्रीम कोर्ट पहुंच चुकी है। केंद्र सरकार के 11 अक्टूबर के आदेश को चुनौती देते हुए शीर्ष अदालत में एक रिट याचिका दायर की गई है। यह याचिका वकील स्वाति सिंह ने दायर की है। उनका तर्क है कि विरोध-प्रदर्शनों को दूर-दराज के इलाकों में ले जाने से शांतिपूर्ण तरीके से इकट्ठा होने और अभिव्यक्ति की आजादी के मौलिक अधिकार बेअसर हो सकते हैं। याचिका में कहा गया है कि विरोध-प्रदर्शन का अधिकार सिर्फ किसी तय जगह पर इकट...