नई दिल्ली, नवम्बर 4 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। भारतीय बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण (आईआरडीएआई) ने बीमा कंपनियों की मनमानी पर रोक लगाने के लिए पंजीकरण, पूंजी ढांचे, शेयरों के हस्तांतरण और विलय से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। नए नियमों में बीमा कंपनियों के लिए विलय पर ग्राहकों के हितों की सुरक्षा को लेकर प्रावधान किए गए हैं। नए नियम विदेशी पुनर्बीमा कंपनियों की शाखाओं को छोड़कर सभी बीमा कंपनियों और बीमा कारोबार शुरू करने के लिए पंजीकरण मांगने वाले आवेदकों पर लागू होगा। अब नई बीमा कंपनी शुरू करने के इच्छुक आवेदकों को सबसे पहले आईआरडीएआई से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) लेनी होगी। आवेदन ऑनलाइन भी किया जा सकता है। इसके बाद निर्धारित फॉर्म में पंजीकरण के लिए आवेदन करना होगा। इसमें कंपनी के गठन से जुड़े दस्तावेज, कंपनी के नियमों और उद्द...