हिन्दुस्तान ब्यूरो, अप्रैल 1 -- Bihar News: आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) की जांच में किशनगंज के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी गौतम कुमार के माफियाओं से गहरे साठ-गांठ के प्रमाण मिले हैं। गौतम कुमार 1994 में बिहार पुलिस की सेवा में आये थे। उसके बाद से अब तक उनकी अधिकतर तैनाती पूर्णिया, अररिया, बगहा, किशनगंज आदि बॉर्डर जिलों में ही रही है। उनको 2019 में डीएसपी के पद पर प्रोन्नति मिली। जांच में पता चला है कि सीमाई इलाकों में तैनाती की वजह से उनकी कोयला, शराब, एंट्री व लॉटरी माफियाओं के साथ ही सुपारी तस्करों से अच्छे संबंध हैं। एसडीपीओ द्वारा विभिन्न व्यक्तियों के नाम पर फर्जी सिम कार्ड प्रयोग किए जाने का साक्ष्य मिले हैं। इस संबंध में ईओयू अलग से सत्यापन कर रही है।पत्नी, सास और महिला मित्र को बनाया सह अभियुक्त ईओयू ने एसडीपीओ गौतम कुमार के विरुद्ध दर्ज...