वरीय संवाददाता, अक्टूबर 27 -- भागलपुर, वरीय संवाददाता। बिहार में 2 साल से बड़े बच्चों के जन्म पत्र बनाने के नियम में बदलाव के बाद अभिभावक परेशान दिख रहे हैं। बर्थ सर्टिफिकेट बनाने की प्रक्रिया थम गई है और पेरेंट्स सरकारी कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। दरअसल बिहार सरकार के अर्थ एवं सांख्यिकी निदेशालय द्वारा जारी आधिकारिक दिशा-निर्देशों और भारत के राजपत्र की अधिसूचना के तहत देशभर में जन्म और मृत्यु रजिस्ट्रीकरण (संशोधित) अधिनियम को एक अक्टूबर 2026 से सख्ती के साथ लागू कर दिया गया है। इस नए और सख्त संशोधन के बाद से भागलपुर सहित पूरे राज्य में दो वर्ष से अधिक उम्र के बच्चों के जन्म प्रमाण पत्र बनने की प्रक्रिया फिलहाल पूरी तरह थम गई है, जिससे अभिभावकों की मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं। मूल अधिनियम में किए गए इन व्यापक संशोधनों का मुख्य उद्देश्य...