गौरीगंज, अक्टूबर 7 -- अमेठी। संवाददाता जिले में मानकविहीन दवाओं को कारोबार तेजी से फलफूल रहा है। ज्यादातर मेडिकल स्टोरों पर फार्मासिस्ट नहीं हैं। अप्रशिक्षित व्यक्तियों द्वारा धड़ल्ले से दवायें बेची जा रही हैं। विभागीय जिम्मेदारों की मिलीभगत से मरीजों की जेब पर डाका डाला जा रहा है। सबसे ज्यादा हैरानी की बात है कि इन मेडिकल स्टोरों की निगरानी के लिए जिले में ड्रग इंस्पेक्टर की तैनाती तक नहीं है। यह भी पढ़ें- Gonda News: पेज तीन की लीड... पचास फीसदी नर्सिंगहोम में मेडिकल स्टोर का लाइसेंस नहींविभागीय आंकड़े विभागीय आंकड़ों पर गौर करें तो औषधि प्रशासन विभाग द्वारा फुटकर दवा के विक्रेता के रूप में 832 तथा थोक विक्रेता का 312 लाईसेंस जारी किया गया है। यानी कि जितने भी लाईसेंस जारी किये गये हैं सबके कागजात सही हैं। सभी मेडिकल स्टोर संचालकों द्वा...