गोंडा, मई 30 -- बभनजोत, संवाददाता। सरकार के निर्देश को ताख पर रख कर उर्वरक विक्रेताओं द्वारा किसानों का जमकर शोषण किया जा रहा है। क्षेत्र के विक्रेता अपने-अपने तरीके से नियम बनाकर किसानों का शोषण करने में जुटे हैं। शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी सिर्फ कार्रवाई का कोरम पूरा कर अपनी जिम्मेदारी की इतिश्री कर लेते हैं। जिला कृषि अधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने बताया की फार्मर रजिस्ट्री का डेटा ई पास मशीन में 15 जून के बाद दर्ज किया जाएगा। किसानों को खाद जरूरत के मुताबिक दिया जाएगा उनकी फसल खराब नहीं होने पाएगी। बभनजोत विकासखंड के केशव नगर ग्रण्ट के टेंगनहवा में स्थित उर्वरक की दुकान पर विक्रेता द्वारा छोटे व मझोले किसानों को बिना फार्मर रजिस्ट्री के उर्वरक नहीं दिया जा रहा है। यह भी पढ़ें- अब मोबाइल पर मिलेगी उर्वरक की जानकारी, नई डिजिटल व...