प्रयागराज, मार्च 25 -- प्रयागराज, वरिष्ठ संवाददाता। फाफामऊ के चांदपुर में चार लोगों की जान लेने वाला पूर्व मंत्री अंसार अहमद का शीतगृह कारखाना अधिनियम के तहत पंजीकृत नहीं था। विभाग की ओर से नोटिस दिया गया, लेकिन अंसार ने इसकी अनदेखी की। बिना लाइसेंस ही इसका संचालन किया जाता रहा। जिसके बाद न्यायालय में मुकदमा भी पंजीकृत कराया गया है। सोमवार दोपहर शीतगृह में हुए हादसे के बाद जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने एडीएम वित्त एवं राजस्व के नेतृत्व में जांच टीम गठित की थी। टीम ने जब अन्य विभागों से दस्तावेज मांगे तो यह सच सामने आया।उप निदेशक कारखाना कमल किशोर पांडेय की ओर से एडीएम वित्त एवं राजस्व विनीता सिंह को भेजी गई रिपोर्ट में बताया गया है कि मामले में पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है। जिसमें उप श्रमायुक्त सुमित कुमार, सहायक श्रमायुक्त संजय...