हिन्दुस्तान टीम, अक्टूबर 4 -- अपनी जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी प्रसाद मौर्य की बिजनौर के शेरकोट में प्रस्तावित जनसभा की अनुमति निरस्त होने पर सियासत गरमा गई है। मीडिया से बातचीत में स्वामी प्रसाद मौर्य ने बिजनौर पुलिस-प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यह अधिकारों का हनन है। बिजनौर पुलिस प्रशासन के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर करेंगे। उन्होंने कहा कि अनुमति की सूचना डेढ़ महीना पहले दी गई थी, एक दिन पहले अनुमति निरस्त करने का कोई औचित्य नहीं बनता है।जनसभा की तैयारी में 25 लाख रुपए खर्च हुए उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं ने 25 लाख रुपये खर्च कर जनसभा की तैयारी कर रखी थी, जगह-जगह फोर व्हीलर बुक किए थे। कार्यक्रम निरस्त होने से गाड़ियां रोकी गईं। बड़े पैमाने पर मंच और पंडाल उखाड़ा गया। इसकी जवाबदेही कौन लेगा। गठबंधन को लेकर पू...